यूरिक एसिड के मरीज गेहूं के ज्वार को करें डाइट में शामिल, जानिये- कैसे होता है फायदेमंद


यूरिक एसिड हमारे शरीर में प्यूरिन वाले खाने के पाचन से बना प्राकृतिक वेस्ट प्रोडक्ट होता है। इसके शरीर में बढ़ जाने से कई समस्याएं जन्म ले लेती हैं। प्यूरिन केमिकल शरीर में बनते हैं और कुछ खाद्य पदार्थों में भी पाए जाते हैं। शरीर में यूरिक एसिड बढ़ने से कई बीमारियां होती हैं, जैसे आर्थराइटि,गाउट, हृदय रोग, शुगर या किडनी रोग। यूरिक एसिड को कंट्रोल करने के लिए आप अपनी डाइट में गेहूं का ज्वार शामिल कर सकते हैं। इसमें मौजूद तत्व यूरिक एसिड के लक्षणों को भी कंट्रोल करने में मदद करता है। इसके अलावा यह शरीर को और भी कई स्वास्थ्य लाभ प्रदान करता है। आइए जानते हैं गेहूं का ज्वार यूरिक एसिड के मरीजों के लिए कैसे फायदेमंद है-

गेहूं का ज्वार कैसे है फायदेमंद: यूरिक एसिड लेवल को कंट्रोल में रखने के लिए गेहूं का ज्वार आपके लिए फायदेमंद हो सकता है। इसमें विटामिन सी, क्लोरोफिल और फाइटोकेमिकल्स उच्च मात्रा में मौजूद होता है। इसका सेवन करने के लिए नीबू के जूस के साथ दो चम्मच गेहूं के ज्वार को मिलाएं और रोजाना कम से कम एक बार जरूर खाएं। यूरिक एसिड के लक्षणों को भी कम करने में मदद करेगा।

गेहूं के ज्वार के अन्य फायदे:

इम्युन सिस्टम मजबूत करता है: गेहूं के जवार में क्लोरोफिल मौजूद होता है और यह ब्लड में अधिक ऑक्सीजन पहुंचाने का काम करता है। साथ ही ये रेड ब्लड सेल्स को बढ़ाता भी है। इससे इम्युन सिस्टम मजबूत भी होता है और रोगों से लड़ने की क्षमता भी बढ़ती है।

सूजन कम करता है: कुछ रिसर्च से पता चला है कि गेहूं के जवार में मौजूद पोषक तत्व सूजन को कम करने में मदद कर सकते हैं। साथ ही शरीर के दर्द को भी कम करने के लिए गेहूं का ज्वार फायदेमंद होता है। जल्द से जल्द सूजन कम करना चाहते हैं तो गेहूं के ज्वार का जूस पिएं।

वजन कम करता है: गेहूं के जवार का रस फाइबर से भरपूर होता है जो वजन को कम करने में सहायक होता है। अगर आप मोटापा कम करना चाहते है तो इसका सेवन जरूर करें। ज्वार का रस हमेशा ताजा और सुबह खाली पेट लेना ज्यादा फायदेमंद होता है।

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